. Sri Dasam Granth Sahib Verse
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Sri Dasam Granth Sahib Verse

ਨ੍ਰਿਸਾਕੰ ਸਰੀਕ ਹੈਂ ॥

O Lord ! Thou art Relativeless. O Lord !

न्रिसाकं सरीक हैं ॥


ਅਮਿਤੋ ਅਮੀਕ ਹੈਂ ॥

Thou art Limitless and Profound.

अमितो अमीक हैं ॥


ਸਦੈਵੰ ਪ੍ਰਭਾ ਹੈਂ ॥

O Lord ! Thou art Ever Glorious. O Lord !

सदैवं प्रभा हैं ॥


ਅਜੈ ਹੈਂ ਅਜਾ ਹੈਂ ॥੫॥੧੪੯॥

Thou art Unconquerable and Unborn. 149.

अजै हैं अजा हैं ॥१४९॥